पसीने की स्याही से जो लिखते हैं इरादें को,
उनके मुक्कद्दर के सफ़ेद पन्ने कभी कोरे नही होते।
ये लाइन बिलकुल सही बैठती है धारावी पुलिस स्टेशन में तैनात पुलिस अधिकारियों पर,आपको बताना चाहेंगे कि दिनांक २३/०३/२०२६ को सुबह ०७:४५ सायन बांद्रा लिंक रोड पर एक ५५ वर्ष के आदमी की मरा हुआ शरीर मिला, जिसकी पहचान कचरा चुनने और बेच कर अपने पेट का भरण पोषण करने वाला हुआ, पुलिस ने अपने वरिष्ठ पुलिस अधिकारी राजू भागुजी बिड़कर को सूचना देते हुवे मृत शरीर को शव परीक्षण के लिए भेज दिया और सीनियर की अगुवाई में पुलिस उपनिरीक्षक संजय मणिक कोली ने अज्ञात मर्डर का अपराध रजिस्टर दर्ज किए
बिना कोई सुराग के कैसे पकड़ में आए अपराधी
धारावी वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक राजू भागुजी बिड़कर ने एक टीम बनाई जिस टीम में पुलिस उपनिरीक्षक धनराज कोली, पुलिस उपनिरीक्षक विकास शेलार,मंगेश जाधव,सागर बाघ,किशोर मेढ़कर,लखन पवार,तडवी,विशाल माने,दत्तात्रेय वरखड़े,उमेश सोयंके,बजरंग लांडगे,संतोष काकड टीम में शामिल थे।
आठ घंटे में अपराधी को खोज निकाला
सभी अधिकारियों के साथ खोज शुरू किए कोई शिनाख्त न होने के बावजूद धारावी पुलिस ने धारावी हद में ४०/४५ से ज्यादा CCTV के फुटेज को देखते हुवे BKC खेरवाड़ी की तरफ अपराधी के जाने का लिंक मिला,पुलिस टीम की मदद और निर्मल नगर से निर्मल नगर हद खेरवाडी में ५०/५५ CCTV फुटेज खंगाले और कुछ स्पेशल सोर्स का इस्तेमाल किए तब जाकर अपराधी खेरवाड़ी में हाथ लगे, धारावी पुलिस ने अपराधी को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया,धारावी पुलिस ने दिखाया कि हमें वरिष्ठ अधिकारी का सहयोग मिले तो कोई काम असंभव नहीं, हमारे सीनियर हमेशा हमारा मनोबल बढ़ाते है।
